Page 24 - NIS Hindi 1-15 June, 2026
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आ�रण काथाा
                   वि�काास याात्राा का े


                             �र्षष













                  सशक्तीीकेराण केी अतिवरालो याात्राा






                              हार पलो ति�कीासं, हार पलो नई संंभाा�नाए                               ं




                   स्वार्णिणमें पथ पर बढ़ाने संे पहालोे �रूरी था क्रिकी उन �गं कीी ओर ति�शर्ष ध्याान दिदेयाा �ाए जि�न्हे कीोई
                                                                                                        ं
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                     पूछता नहां था। लोक्रिकीन प्रधुानमेंत्राी नरद्र मेंोदेी ने ऐसंे �गं कीो न की�लो पछा, बब्धि� उसंे प�ा।
                    �ंचिचुतं कीो कीद्र संरकीार कीी संभाी याो�नाओ-नीतितयां मेंं सं�ोच्च प्राथतिमेंकीता तिमेंलोी तो यात्रा नायास्तुु
                                                                                                          त
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                     पूज्यन्तेे रमेंन्तेे तत्रा दे�ता: यात्रातास्तुु न पूज्यन्तेे सं�ास्तुत्रााफलोा: क्रि�याा: नारी की नतृत्व मेंं ति�कीासं
                                               त
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                    कीा मेंत्रा बना और बीते 12 �र्ष मेंं नारी शनि� हार क्षीत्रा मेंं परचुमें लोहारा रहाी हा। इंसंी तरहा याहाी संमेंया
                   हा, संहाी संमेंया हाै, भाारत कीा अनमेंोलो संमेंया हाै… याु�ा पीढ़ाी कीो संमेंर्पिपित ति�कीसिसंत भाारत कीा याहा मेंत्रा
                     ै
                                                                                                           ं
                   इंसं बात कीा द्योोतकी हाै क्रिकी भाारत कीा याु�ा अपनी आकींक्षीाओ कीो नई उड़ेान देने कीो तैयाार हाै। आ�
                                                                                          े
                                                                           ं
                                                                         े
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                    याु�ा शनि� की संामेंर्थ् कीो नई पहाचुान तिमेंलोी हाै तो भाारत की ज्ञाान-ति�ज्ञाान और कीालो�याी उपलोब्धि�
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                   कीा प्रतीकी बन गई हाै नए भाारत कीी अमेंृत पीढ़ाी। आ� याहा कीहाना अतितशयाोनि� नहां हाोगी क्रिकी 12 �र्ष
                                                                                                              त
                   एकी याुग की रूप मेंं �ंचिचुतं, नारी शनि�, याु�ा शनि� और क्रिकीसंानं की संश�ीकीरण कीा कीालोखांड बन
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                                                                               े
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                   गयाा हा। नए भाारत की नए नतृत्व ने संं�देनशीलो संोचु और संमेंा�शी दृष्टिष्ट्कीोण की संाथ इंसं देौरान
                                                                                         ि
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                     संभाी �गं-क्षीत्रां कीो ति�कीासं कीा संहाभाागी बनायाा और फिफर शुरू हाुई स्वार्णिणमें भाारत कीी याात्राा…
               22  न्यूू इंंनि�यूा संमाचाार // 1-15 जूून 2026
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